चित्तौड़गढ़। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) द्वारा “प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना” के तहत संस्थानों के पंजीकरण हेतु विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में आगामी 14 एवं 15 नवम्बर 2025 को चित्तौड़गढ़ एवं निम्बाहेड़ा के औद्योगिक क्षेत्रों में विभाग की ओर से शिविर एवं सेमिनार आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में औद्योगिक इकाइयों के पंजीकरण का कार्य विभागीय टीमों द्वारा किया जाएगा।
क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त एवं प्रभारी प्रशांत कुमार सिन्हा ने बताया कि विकसित भारत के लक्ष्य की दिशा में भारत सरकार द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान का उद्देश्य अधिक से अधिक संस्थानों को पंजीकृत कर युवाओं को रोजगार के अवसरों से जोड़ना है।
उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत पंजीकृत संस्थानों को प्रत्येक नए रोजगार सृजन पर प्रतिमाह ₹1000 से ₹3000 तक की राशि मानदेय के रूप में प्रदान की जाएगी।
वहीं, प्रथम बार रोजगार प्राप्त करने वाले कार्मिकों को वार्षिक ₹15,000 तक की प्रोत्साहन राशि दो किस्तों में दी जाएगी।
श्री सिन्हा ने बताया कि मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप निम्बाहेड़ा ब्लॉक में तीन टीमों द्वारा क्रमशः वंडर सीमेंट वर्क्स, जे.के. सीमेंट वर्क्स एवं नोवेको सीमेंट वर्क्स के परिसर में शिविर आयोजित किए जाएंगे।
वहीं, चित्तौड़गढ़ के चंदेरिया औद्योगिक क्षेत्र में हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड, बिरला सीमेंट वर्क्स तथा मोनोमार्क इंजीनियरिंग में शिविर आयोजित होंगे।
उन्होंने सभी भविष्य निधि आवृत संस्थानों से अपील की कि वे अपने संस्थान का प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना में पंजीकरण अवश्य करवाएं ताकि अधिक से अधिक नए कर्मचारियों को रोजगार से जोड़ा जा सके तथा संस्थानों को उनके सृजित रोजगार पर मिलने वाला मासिक मानदेय सीधे उनके खातों में प्राप्त
हो सके।









